स्वर्णकारों ने सांसद को घेरा

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आंशिक रूप से बंद रहा धौलपुर, मुख्य बाजारों से जुलूस निकालकर प्रदर्शन

अखिलभारतीय सर्राफा एवं स्वर्णकार संघ के भारत बंद के आह्वान पर धौलपुर सर्राफा स्वर्णकार संघ ने सोमवार को धौलपुर बंद आंशिक रुप से सफल रहा। इस दौरान सर्राफा व्यवसायियों ने बंद को सफल बनाने की अपील करते हुए कई प्रतिष्ठानों को बंद कराया। इस दौरान अनेक दुकानदारों ने तो स्वत: ही दुकान बंद कर सराफा एवं स्वर्णकार संघ को अपना समर्थन दिया।
वहीं और दुकानदारों से सर्राफा व्यवसायी समर्थन में आने की बात कहकर प्रतिष्ठान बंद करवाने की अपील करते रहे। इस दौरान सुबह 9 बजे से लेकर दोपहर 12 बजे तक अन्य प्रतिष्ठान भी नहीं खुले, लेकिन बाद में बाजार में हलचल सामान्य देखी गई। धौलपुर सर्राफा एवं स्वर्णकार संघ के अध्यक्ष श्रीभगवान मित्तल ने बताया कि करीब महीने भर से जारी हड़ताल
स्वर्णकारों ने सांसद…
दुकानबंद होने के बाद भी केंद्र सरकार ने बढ़ी हुई एक्साइज डयूटी को वापस नहीं लिया है। जिस कारण सोमवार को भारत बंद के आह्वान पर धौलपुर बंद आंशिक रुप से सफल रहा। इस मौके पर दोपहर तीन बजे सर्राफा एवं स्वर्णकार संघ के प्रतिनिधियों ने सर्किट हाउस में धौलपुर करौली सांसद डॉ मनोज रजौरिया का घेराव किया। उन्होंने ज्ञापन में बताया कि अगर बढ़ी हुई एक्साइज डयूटी का वापस नहीं लिया जाता है तो आंदोलन जारी रहेगा। इस मौके पर सांसद ने ज्ञापन की प्रति को केंद्र सरकार से अवगत कराकर इस दिशा में सकारात्मक जवाब का आश्वासन दिया।
सर्किट हाउस से जैन धर्मशाला तक पदमार्च
सर्किटहाउस में सांसद का घेराव के बाद सराफा स्वर्णकारों ने सर्किट हाउस से लेकर स्टेशन रोड स्थित जैन धर्मशाला तक पैदल मार्च निकाला। जहां जैन धर्मशाला में मीटिंग हुई। इसमें सर्राफा एवं स्वर्णकार संघ जिलाध्यक्ष श्रवण कुमार वर्मा, उपाध्यक्ष राजीव गुप्ता, रवि कुमार, शहर अध्यक्ष श्रीभगवान मित्तल, राजनारायन गुप्ता, चंद्रशेखर सर्राफ आदि ने अपने विचार रखते हुए आंदोलन को आगे भी जारी रखने की बात कही।
अन्य दुकानदार रहे असंमजस में
जिनदुकानदारों को भारत बंद के आह्वान पर बंद की खबर नहीं थी, वह सुबह दुकान खोलने पहुंचे तो बाजार में कुछ अटपटा लगा। इस दौरान पूछताछ के बाद सर्राफा स्वर्णकार द्वारा बंद की बात पता चली तो वह असंमजस में दिखे। इस दौरान कई तो शटर खुलने के दौरान बंद कर जाते दिखे तो बहुत दुकानदार दुकान खुलने पर विरोध करने पर ही दुकान बंद करने की बात समझकर प्रतिष्ठान दिनभर खोलते दिखे। कुल मिलाकर बंद आंशिक रुप से सफल रहा।